प्रो (सुश्री) वसुधा वी कामत

निदेशक (अंशकालिक गैर सरकारी)

प्रो. (सुश्री) वसुधा वसंत कामत (डीआईएन07500096) ने रेल मंत्रालय द्वारा जारी दिनांक 01 अप्रैल 2016 के राष्‍ट्रपति के आदेश के अनुसार 22 अप्रैल 2016 से इरकॉन के बोर्ड में स्‍वतंत्र (अंशकालीन (गैर-सरकारी)) निदेशक के रूप में कार्यभार ग्रहण किया है।
इनका जन्‍म 26 जून, 1952 को हुआ और इन्‍होंने बी.एससी (रसायनशास्‍त्र), बी.एड, एम.डी, एम.ए (सोशियोलॉजी), तथा पीएच.डी (एजुकेशन) की शिक्षा प्राप्‍त की है।
प्रो.कामत ने वर्ष 1971 में शिक्षक के रूप में अपना केरियर आरंभ किया। वर्ष 1983 में एसएनडीटी महिला विश्‍वविद्यालय में कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व वे 04 वर्ष के लिए कॉलेज ऑफ एजुकेशन में लेक्‍चरर थीं। उन्‍होंने एसएनडीटी विश्‍वविद्यालय में अपने 29 वर्ष के कार्यकाल में विभिन्‍न पदों पर कार्य किया। वर्ष 2016 में एसएनडीटी विश्‍वविद्यालय से अपनी सेवानिवृत्ति के समय, वे पिछले 05 वर्षों से उपकुलपति के पद पर कार्यरत थीं। उन्‍होंने वर्ष 2007 से वर्ष 2011 के अल्‍प समय के लिए सीईआईटी, एनसीईआरटी में संयुक्‍त निदेशक के पद पर भी कार्य किया।
उन्‍हें स्‍कूल शिक्षा, उच्‍चर शिक्षा, अध्‍यापक शिक्षा, महिला शिक्षा, मुक्‍त और दूरस्‍थ शिक्षा के क्षेत्र में 45 वर्षों से अधिक समय का व्‍यापक अनुभव प्राप्‍त है। एसएनडीटी विश्‍वविद्यालय मे अपने कार्यकाल के दौरान उन्‍होंने विभिन्‍न नई व्‍यस्‍थाएं/प्रक्रियाएं आरंभ कीं हैं जैसे ऑनलाइन प्रवेश, मास्‍टर स्‍तर पर विकल्‍प आधारित क्रेडिट प्रणाली, मूल्‍यांकन के लिए नई विधियां, शिक्षण-अध्‍ययन प्रक्रिया में सूचना एवं प्रौद्योगिकी का प्रयोग, आईसीटी अवसंरचना का विकास जैसे वर्चुवल क्‍लासरूम, विद्यार्थियों के लिए कम्‍प्‍यूटर लैब, शिक्षकों के लिए प्रशिक्षण लैब तथा कैंपसों के लिए भाषा लैब का विकास।
उच्‍च शिक्षा के अंतर्राष्ट्रीयकरण की पुरजोर सिफारिश करने वाली सुश्री वसुधा वसंत कामत कनाडा, मॉरीशियस, मलेशिया आदि में अनेक विदेशी विश्‍वविद्यालयों के साथ भी जुड़ी हुई हैं। वे मुक्‍त विश्‍वविद्यालयों और राष्‍ट्रीय मुक्‍त विद्यालय शिक्षा संस्‍थान से भी निकटता के साथ जुड़ी हुई हैं।
एक सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में, वे वर्ष 1992 से ग्रामीण पुनर्संरचना और शिक्षा (नारायण आश्रम) के लिए समाज में कार्यरत हैं। इन्‍हें महाराष्‍ट्र राज्‍य सरकार से सर्वश्रेष्‍ठ अध्‍यापक पुरस्‍कार (2005-06), फुलब्राइट सीनियर रिसर्च फेलोशिप (2005-06) तथा रोटरी इंटरनेशनल फेलोशिप (2004-05) प्राप्‍त हुए हैं।

-